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BiG News – Vikas Dubey Encounter के बाद पत्नी और बेटे को पुलिस ने छोड़ा

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पटना Live डेस्क। यूपी की आर्थिक राजधानी कहा जाने वाला कानपुर (Kanpur) में 2 जुलाई की दरमियानी रात आठ पुलिसकर्मियों की हत्या के बाद से फरार चल रहे पांच लाख के इनामी गैंगस्टर विकास दुबे (Vikas Dubey) को आज(शुक्रवार) सुबह एनकांउटर (Encounter) में मार गिराया गया। बता दें कि यूपी एसटीएम की टीम विकास दुबे को जब मध्य प्रदेश से कानपुर लेकर आ रही थी तभी जिस गाड़ी में विकास दुबे बैठा था उसका कानपुर के बाहरी इलाके भौती में एक्सीडेंट हो गया। पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक हादसे का फायदा उठाकर विकास दुबे ने भागने की कोशिश की और इसी दौरान वह एनकाउंटर में मारा गया।

कानपुर के एसएसपी दिनेश कुमार प्रभु ने बताया कि STF (एसटीएफ) की गाड़ी दुर्घटनाग्रस्त हुई थी।इस दौरान आरोपी विकास दुबे ने कार में सवार पुलिसकर्मी की पिस्टल छीनकर फायरिंग करते हुए भागने की कोशिश की।इसी बीच STF (एसटीएफ) की दूसरी गाड़ियां वहां पहुंच गईं और पुलिस की जवाबी फायरिंग में विकास दुबे को गोली लगी। उधर, पता चला है कि 4 पुलिसकर्मी घायल हुए हैं, इनमें एक इंस्पेक्टर, एक एएसआई और दो सिपाही शामिल हैं।

पत्नी और बेटे को छोड़ा गया

2 जुलाई की दरमियानी रात चौबेपुर थाना के बिकरू गांव मेंआठ पुलिसकर्मियों की हत्या के मास्टरमाइंड 5 लाख के ईनामी विकास दुबे के कानपुर के भौती में एनकाउंटर के बाद पुलिस ने उसकी पत्नी ऋचा और बेटे को पूछताछ के बाद छोड़ दिया। पुलिस अधिकारी दिनेश कुमार पी ने कहा इस दुस्साहसिक वारदात में ऋचा की कोई भूमिका नहीं मिली है। वारदात के वक्त वह मौके पर नहीं थी।

उल्लेखनीय है कि गुरुवार को लखनऊ के कृष्णानगर में विकास दुबे की पत्नी ऋचा दुबे ने अपने बेटे के साथ आत्मसमर्पण कर दिया था। कृष्णानगर कोतवाली में पूछताछ के बाद पुलिस उसे कानपुर लेकर देर रात पहुंची। महिला पुलिसकर्मियों के बीच विकास की पत्नी वा बेटे से कई घंटों तक पूछताछ की गई।

लगे पुलिस-प्रशासन जिंदाबाद के नारे

विकास दुबे के मारे जाने के बाद घटनास्थल पर पुलिस प्रशासन जिंदाबाद के खूब नारे लगे। हजारों लोगों की भीड़ मौके पर यह देखने के लिए पहुंच गई थी कि वो जगह कौन सी है जहां विकास मारा गया। लोग यह जानने की भी कोशिश करते रहे कि मुठभेड़ किस तरह हुई। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने भी उनकी उत्सुकता को दूर किया। बाद में लोगों ने कहा-अब जाकर बढ़िया काम किया है पुलिस ने। ऐसे अपराधी का जिंदा रहना प्रदेश के लिए खतरनाक था।

बिकरू गांव में छाई खामोशी

आपको बता दें कि विकास दुबे शुक्रवार सुबह पुलिस एनकाउंटर में मारा गया। यूपी एसटीएफ की टीम गाड़ी से उसे उज्जैन से कानपुर ला रही ला रही थी। इस दौरान शुक्रवार सुबह कानपुर में यूपी एसटीएफ के काफिले की एक गाड़ी पलट गई। इस दौरान विकास दुबे ने हथियार छीकर भागने की कोशिश की जिसके बाद पुलिस ने उसे मुठभेड़ में मार गिराया है। मुठभेड़ में विकास के मारे जाने के बाद बिकरू गांव में भले ही हलचल बढ़ गई है, लेकिन गांव के घरों में अभी भी मातमी खामोशी और पुलिसिया दहशत छाई है। गांव के लोगों को आशंका है कि सर्च ऑपरेशन में किसी का भी घर ढहाया जा सकता है।

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