बेधड़क ...बेलाग....बेबाक

BiG News-सिवान सिपाही हत्याकांड में पूर्व MLC प्रत्याशी रईस खान समेत 4 हुए नामजद

सिवान के ग्यासपुर निवासी रईस खान द्वारा अवैध वसूली व छिनतई की सूचना पर छापेमारी करने गई थी पुलिस,पुलिस को देख खाट पर बैठे अपराधियों फरार होने लगे, पुलिस ने जब पीछा किया तो फायरिंग करने लगे,गोली लगने से सिपाही की मौत हो गई

253

पटना Live डेस्क। बिहार के सिवान जिले में मंगलवार बुधवार की दरमियानी रात पुलिस टीम पर हुई फायरिंग मे एक सिपाही की मौत मामले में थाना अध्यक्ष राजेश कुमार सिंह ने पूर्व एमएलसी प्रत्याशी ग्यासपुर गांव निवासी कुख्यात रईस खान सहित स्थानीय गांव के सुरेंद्र राम,अभय यादव व छपरा के तरैया निवासी आफताब मियां को नामजद किया है।साथ ही अन्य चार पांच अज्ञात के खिलाफ भी एफआईआर दर्ज कराई है। दर्ज एफआईआर में बताया गया है कि पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि रईस खान अपने गुर्गों के साथ अवैध वसूली व छिनतई करवा रहा है। इस सूचना पर थानाध्यक्ष राजेश कुमार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।

बताया गया है कि जब पुलिस की टीम ग्यासपुर पहुंची तो मदरसे के बगल में चार-पांच लोग खाट पर बैठे थे। वह पुलिस को देखकर भागने लगे पुलिस ने पीछा किया इसी दौरान अपराधियों ने गोली चला दी जिसमें पुलिस टीम में मौजूद सिपाही बाल्मीकि यादव की गोली लगने से मौत हो गई। इधर पुलिस ने उक्त नामजद व अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तारी के लिए छापेमारी तेज कर दी है।

कौन है रईस

बिहार समेत कई पड़ोसी राज्यों में अपराध जगत में बेहद गहरी पैठ रखने वाले खान ब्रदर्स के नाम से चर्चित रईस खान पिछले कुछ अर्से से लगातार सुर्खियों में रहे हैं। मूल रूप।से सिवान जिले के ग्यासपुर निवासी दोनो भाई अयूब व रईस खान जरायम की दुनिया के बड़े चेहरे माने जाते है। विगत दिनों जिले के तीन लड़को की नृशस हत्या कर शव को पानी मे बहाने के जुर्म में अयूब खान को एसटीएफ ने गिरफ्तार कर सिवान पुलिस को सौप था। तब से अयूब खान जेल में बंद है।वही रईस खान भी अपने दुःसाहसिक व जघन्य आपराधिक वारदातें हो या शहाबुद्दीन परिवार के साथ अदावत को लेकर तो कभी लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव से मुलाकात को लेकर रईस खान खबरों में बना रहता है। साथ ही सियासी वजूद कायम करने की जुगत में भी लगातार सक्रिय है।

 

लेकिन सियासी चोला ओढ़ने की कवायद मे लगे रईस खान कानून के चंगुल में फसता जा रहा है। दरअसल, सिसवन थाना प्रभारी राजेश कुमार सिंह के साथ गयासपुर में छापेमारी करने गई पुलिस टीम पर अपराधियों ने ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। इस हमले में सिपाही बाल्मीकि यादव की मौत हो गई थी। पुलिस ने फायरिंग वाली जगह से खाट पर से लगभग आधा दर्जन मोबाइल फोन बरामद किए थे। इन्हीमोबाइल फोन के जरिए हमला करने वाले आरोपियों की पहचान पुलिस कर पाई है और इस मामले में शुरुआती सबूत मिलने के बाद रईस खान समेत चार के खिलाफ नामजद केस रजिस्टर्ड किया गया है। पांच अन्य को भी आरोपी बनाया गया है।

बोले सिवान एसपी रईस की तलाश जारी

वही, सिपाही की मौत से मर्माहत सिवान एसपी शैलेश कुमार सिन्हा के मुताबिक पुलिस इस मामले में तहकीकात कर रही है और अपराधियों की पहचान भी कर ली गई है।सिसवन थाने में एफआईआर दर्ज करली गई है और गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी भी जारी है। पुलिस लगातार रईस खान समेत अन्य आरोपियों को पुलिस तलाश रही है और अगर इनकी गिरफ्तारी नहीं होती है तो पुलिस जल्द से जल्द कुर्की जब्ती की कार्यवाही भी करेगी।

               एसपी ने अभी कहा है कि अपराधी चाहे कितना भी रसूख वाला हो वह कानून के हाथ से बच नहीं सकता। पुलिस टीम के ऊपर हमला और सिपाही की मौत को लेकर सिवान पुलिस कक गुस्से में है। साथ ही बेहद सख्त तेवर अपना रखा हैं।

Comments are closed.