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BiG Update”ख़ाकी के खलनायक”अपहरण नही लूटकाण्ड में हुआ गिरफ्तार तो खुला राज़ एक अन्य सिपाही संग लुटा था 60 लाख का गोल्ड

दोनो गिरफ्तार पुलिसवाले चला रहे है लुटेरों का गैंग हो सकता है बड़ा खुलासा,गिरफ्तार सिपाही की निशानदेही पर लूट का सोना भी बरामद,कई संदिग्धों को आरा से सारण पुलिस धर दबोचा और लूटकांड में हो सकता बड़ा खुलासा

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पटना Live डेस्क। शनिवार को राजधानी से बिना नंबर वाले बालेरो से आए लोगो द्वारा दिनदहाड़े सिपाही को अपहृत होने की खबर से मचे हड़कंप ने देर रात एक अलग ही सच से पर्दा उठा। दरअसल, बीते 5 सितंबर को छपरा में यूपी के स्वर्ण व्यवसायी से लूट मामले में सारण पुलिस द्वारा राजधानी में बिहार पुलिस की बीएसएपी (BSPA) विंग के 2 जवानों को गिरफ्तार किया गया है। गोल्ड लूट का कुछ सोना भी बरामद हुआ है। दोनों खाकी के खलनायकों ने बावर्दी अपने साथियों संग मिलकर कारोबारी से 60 लाख रुपये की कीमत के सोने के जेवरात और 5 लाख रुपये कैश लूटे थे। काण्ड में शामिल अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। सारण पुलिस द्वारा लूट काण्ड के बाबत आज बडा खुलासा किया जा सकता है।

5 सितंबर 2022 को छपरा के भगवान बाजार थाना इलाके में जेल गेट से महज 500 गज की दूरी पर यूपी के बरेली निवासी स्वर्ण व्यवसायी से 60 लाख के जेवरात और पांच लाख नगद रुपये की लूट हुई थी। छपरा की स्पेशल पुलिस टीम ने शनिवार को पटना में दबिश दी। पटना पुलिस की मदद से रुपसपुर थाना इलाके के महुआबाग से बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस के जवान शशि भूषण सिंह को पकड़ा गया। फिर ख़ाकीवाले से पूछताछ व निशानदेही पर एक और सिपाही पंकज को भी गिरफ्तार किया गया है।

वही, विश्वसनीय सूत्रों की मानें तो लूटकांड के सिलसिले में आरा में भी छापेमारी की गई है। पुलिस को काफी मात्रा में सोना भी मिला है। सादे लिबास में आई छपरा पुलिस की टीम ने जब सिपाही शशिभूषण को उठाया तो उसके अपहरण की अफवाह उड़ गई। सिपाही की पत्नी अपहरण का केस दर्ज करवाने रुपसपुर थाने तक पहुंच गई लेकिन देर रात मामला कुछ और ही निकला।

आरोपी शशिभूषण बीएसएपी-5 में तैनात है। उसकी पत्नी ने बताया कि सुबह के वक्त वह ड्यूटी के लिए निकला था लेकिन जब उसे कॉल किया गया तो उसका मोबाइल नंबर बंद आने लगा। बाद में परिजन को पता चला कि महुआबाग इलाके से एक बड़ी चार पहिया गाड़ी पर सवार लोग उसे अपने साथ ले गए हैं। इस गिरफ्तारी की पुष्टि न तो पटना और न ही सारण पुलिस ने की है।

बड़े गैंग का हो सकता है खुलासा

इस मामले में पुलिस बड़े गैंग का खुलासा कर सकती है, जिसे सिपाही ही ऑपरेट कर रहे थे। पंकज के कनेक्शन दूसरे राज्यों में सक्रिय लुटेरों से भी है। इस मामले में सारण पुलिस ने दोनों सिपाहियों के अलावा कुछ और संदिग्धों को भी आरा जिले से उठाया है।

पुलिसवर्दी में ही स्वर्ण व्यवसायी से की थी लूट

पीड़ित स्वर्ण व्यवसायी ने अपने बयान में बताया था कि बोलेरो सवार अपराधियों ने उससे लूटपाट की थी। उनकी उम्र 30 से 35 वर्ष के बीच थी। इसमें एक अपराधी पुलिस की वर्दी भी पहने था। जब व्यवसायी ने अपराधियों से पूछा कि मुझे कहां ले जा रहे हैं तो थाने जाने की बात कही। इसके बाद 900 ग्राम सोने के जेवरात और 139 ग्राम का सोना और पांच लाख नगद रुपये लूटे गए।

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