Big News – “शेरनी” अब दरभंगा में मनचलों और मजनूओं को सिखायेंगी सबक,पहली बार हुआ महिला पुलिस बल का गठन

पटना Live डेस्क। बिहार के दरभंगा जिले में अब लड़कियों व महिलाओं पर फब्तियां कसने वालो, छेड़खानी करने वाले और रोड साइड मजनूओं और मनचलो की खैर नही। जिले में पहली बार महिला पुलिस बल का गठन करते हुए एसएसपी मनोज कुमार ने महिला पुलिस की एक टीम गठित की है जो न सिर्फ स्कूल-कॉलेजों और शिक्षण संस्थानों के आस-पास निगरानी करेगी। बल्कि इनका मुख्य काम शहर के रोड साइड मनचलों और मजनूओं पर खास नजर रखते हुए उन्हें उनके के गुनाहों की सज़ा भी दिलवाएंगी।
इस पहल के बाबत एसएसपी ने बताया कि दरभंगा महिला पुलिस बल की 22 महिला पुलिस कर्मियों को तैयार किया जा रहा है जो न सिर्फ वाहन चलाना जानती हैं बल्कि अत्याधुनिक हथियार से भी लैस रहेगी। साथ ही साथ यह दस्ता हर तरह की समस्याओं से जूझने के लिए मेंटली और फिजिकली तैयार रहेंगी। दरभंगा महिला पुलिस बल के इस 22 सदस्यों वाले दस्ते को “शेरनी” के नाम से जाना जाएगा जो कमांडो तर्ज पर काम करेंगी।                                                            
वरीय पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार ने बताया कि यह न सिर्फ लफंगों और शोहदों पर कारवाई करेगी बल्कि जरूरत पड़ने पर छापामारी से लेकर पुलिस विभाग के अन्य काम भी इन्हें सौंपा जाएगा जो पुलिस के जवान करते आ रहे हैं। इसको लेकर दरभंगा पुलिस लाइन में स्वयं एसएसपी ने इस महिला दस्ते को ट्रेनिंग दी और इन्हें कई तरह के गुण सिखाये।                               
विदित हो कि दरभंगा जिला पुलिस बल में महिला फोर्स का अभी तक गठन नहीं हुआ था। पहली बार दरभंगा में महिलाओं की सुरक्षा के लिए पुलिस फोर्स का गठन किया गया है,जो सादे लिबास में भी स्कूल कॉलेजों और शिक्षण संस्थानों के आस-पास निगरानी करेगी। इसको लेकर एसएसपी ने कहा है कि महिलाए और युवतियां द्वारा किसी भी तरह की इव- टीजीग की शिकायत उनके वाट्सएप नंबर पर बेहिचक कर सकती है,ताकि तुरंत महिला पुलिस महिलाओं की सुरक्षा के लिए वारदात स्थल पर पहुच सके।                    
दरभंगा एसएसपी मनोज कुमार की इस नई पहल के बाबत जानकारों का आंकलन है कि यह शुरुआत महिलाओ की सुरक्षा के लिए बेहद सटीक और कारगर कदम है। लेकिन अभी शुरुआत में कुछ भी कहना जलबाजी होगी। वक्त ही इन “शेरनियों” की उपयोगिता का आंकलन करेगा।